संघाई में जगमंगाएंगे ऋषिकेश परिसर जगत

 

प. ल. मो. शर्मा श्रीदेव सुमन उत्तराखण्ड विश्वविद्यालय परिसर ऋषिकेश से 2012 सत्र के वरिष्ठ योग उपाधि धारक जगत शास्त्री अपने नाम के अनुरूप चीन की धरा शंघाई में में अपनी प्रतिभा के बल पर विश्वविद्यालय परिसर और विभाग का नाम जगमगा रहें हैं।

ज्ञातव्य है कि ऋषिकेश परिसर के अनेकों योग उपाधि धारक विदेशों में भारतीय संस्कृति की ध्वज फताका विदेशों में फहरा रहें हैं जिनमें जगत शास्त्री ने योग आधुनिक विधियों जैसे अष्टांग योग, आयंगर योग द्वारा स्वयं को विगत 12 वर्षों से स्थापित किए हुए हैं। जगत् शास्त्री पुनः चाइना के संघाईं राज्य में निकलने से पूर्व परिसर के निदेशक प्रो0 एम. एस रावत के साथ योग विभाग के गुरुजनों का आशीर्वाद लेने परिसर पहुंचे।

इस अवसर पर परिसर निदेशक रावत जी ने जगत और तथा उनके साथ अन्य विदेशों में कार्य कर रहे परिसर के योग उपाधि धारकों को परिसर की एल्मयुनाय से पंजीकरण करने के लिए प्रेरित किया।

निदेशक प्रो0 एम एस रावत ने हर्ष जताते हुए बताया कि विदेशों सर्वाधिक कार्य करने वाले प्रतिभाओं में योग विभाग अग्रणी है, तथा अप्रैल में परिसर में एक एल्मयुनाय की बैठक आहूत की जाएगी।

जगत शास्त्री ने विश्वास दिलाया कि वे अपने कनिष्क योग जिज्ञासुओं के लिए भी अपना सहयोग देने का कार्य करेंगे।

इस अवसर सर योग विभाग के समन्वयक प्रो0 वी.के गुप्ता, संकायाध्यक्ष प्रो0 डी.सी गोस्वामी, विभागाध्यक्ष डा0 जे.पी कंसवाल, योग प्रवक्ता चंद्रेश्वरी नेगी, वीना रयाल, और हिमानी नौटियाल उपस्थित रहे।