नारायणबगड़: मगनलाल शाह राजकीय महाविद्यालय मींग, नारायणबगड़ में अखिल भारतीय शिक्षा समागम एवं देवभूमि उद्यमिता योजना के अंतर्गत छात्र-छात्राओं ने विभिन्न स्टॉल लगाकर उद्यमिता के गुर सीखे।
कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में उद्यमशीलता, स्वरोजगार एवं आत्मनिर्भरता की भावना को बढ़ावा देना रहा।
इस अवसर पर छात्र-छात्राओं ने विभिन्न उत्पादों एवं स्थानीय संसाधनों पर आधारित स्टॉल लगाए। विद्यार्थियों ने उत्पादों की प्रस्तुति, मूल्य निर्धारण, बिक्री, ग्राहकों से संवाद तथा स्टॉल के प्रबंधन का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त किया। स्टॉलों के माध्यम से विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मकता और व्यावसायिक कौशल का प्रदर्शन किया।
देवभूमि उद्यमिता योजना के अंतर्गत आयोजित इस गतिविधि से विद्यार्थियों को व्यवसाय शुरू करने, बाजार की आवश्यकताओं को समझने तथा उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग कर स्वरोजगार के अवसर तलाशने की जानकारी मिली। इस दौरान विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया और उद्यमिता को रोजगार के एक बेहतर विकल्प के रूप में समझा।
महाविद्यालय के प्राचार्य महोदय ने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक एवं कौशल आधारित शिक्षा प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर बनने तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं उद्यम के नए अवसर विकसित करने के लिए प्रेरित किया।


More Stories
कुंभ में श्रद्धालुओं के लिए मंदिरों की पैदल राह होगी सुगम, फुटपाथ निर्माण जारी
हरिद्वार: महानगर कांग्रेस ने सरकार पर लगाया सरकारी जमीनें बाहरी लोगों को सौंपने का आरोप
दून अस्पताल पहुंचे मंत्री सुबोध उनियाल, पीजी, एसआर और जेआर डॉक्टरों को दिया स्टाइपेंड बढ़ाने का भरोसा