नानकमत्ता, 25 मार्च 2026 : महाराणा प्रताप राजकीय महाविद्यालय, नानकमत्ता में राष्ट्रीय सेवा योजना (एन.एस.एस.) इकाई द्वारा एकदिवसीय शिविर के अंतर्गत नशामुक्ति जागरूकता अभियान एवं स्वच्छता अभियान का भव्य एवं सफल आयोजन किया गया।
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों एवं समाज को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना, स्वच्छता के महत्व को व्यवहार में उतारना तथा युवाओं में सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना का विकास करना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय की प्राचार्य प्रोफेसर अंजला दुर्गापाल द्वारा किया गया। अपने प्रेरणादायक उद्बोधन में उन्होंने कहा कि “स्वच्छता और नशामुक्ति, दोनों ही एक स्वस्थ एवं सशक्त समाज के आधार स्तंभ हैं। युवाओं को इन दोनों क्षेत्रों में अग्रणी भूमिका निभाते हुए समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना चाहिए।”
एन.एस.एस. कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मीनाक्षी ने युवाओं की भूमिका पर विशेष बल देते हुए कहा कि “नशा व्यक्ति के शारीरिक, मानसिक एवं सामाजिक जीवन को प्रभावित करता है। यदि युवा वर्ग इससे दूर रहकर जागरूकता फैलाने का संकल्प ले, तो एक स्वस्थ और सशक्त राष्ट्र का निर्माण संभव है।” उन्होंने स्वयंसेवकों से नशामुक्ति एवं स्वच्छता को व्यापक जन-अभियान बनाने का आह्वान किया।
नशा मुक्ति नोडल अधिकारी डॉ. निशा आर्या ने अपने संबोधन में कहा कि नशामुक्ति और स्वच्छता दोनों ही निरंतर चलने वाले सामाजिक अभियान हैं, जिनमें प्रत्येक नागरिक की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने स्वयंसेवकों को अनुशासन, सेवा-भाव और टीम भावना के साथ कार्य करने के लिए प्रेरित किया।
वरिष्ठ प्राध्यापक प्रो. मृत्युंजय शर्मा ने कहा कि “स्वच्छ वातावरण और स्वस्थ जीवनशैली ही प्रगतिशील समाज की पहचान है। नशा व्यक्ति की कार्यक्षमता एवं सोच को प्रभावित करता है, अतः इससे दूर रहना अत्यंत आवश्यक है।”
इस अवसर पर वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. निवेदिता अवस्थी ने कहा कि “राष्ट्रीय सेवा योजना विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का सशक्त माध्यम है, जो उन्हें सामाजिक सरोकारों से जोड़कर एक जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में प्रेरित करती है।”
एकदिवसीय शिविर के दौरान स्वयंसेवकों द्वारा महाविद्यालय परिसर एवं उसके आसपास के क्षेत्रों में व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया गया। साथ ही नशामुक्ति विषय पर जागरूकता रैली, प्रेरक नारों का प्रसार, समूह चर्चा एवं स्वास्थ्य परामर्श सत्र का आयोजन किया गया, जिससे विद्यार्थियों में जागरूकता, नेतृत्व क्षमता एवं सामाजिक संवेदनशीलता का विकास हुआ।
इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्य प्रोफेसर अंजला दुर्गापाल, राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मीनाक्षी, वरिष्ठ प्राध्यापक प्रो. मृत्युंजय शर्मा, डॉ. निवेदिता अवस्थी, डॉ. उमेश जोशी, डॉ. ललित सिंह बिष्ट, डॉ. शशि प्रकाश सिंह, डॉ. निशा परवीन, डॉ. निशा आर्या, डॉ. आशा गढ़िया, डॉ. दर्शन सिंह मेहता, महेश कन्याल, राम जगदीश सिंह, विपिन थापा, सुनील कुमार, भावना राणा, बेअंत सिंह, विनीता, अनीता भट्ट, नेहा, दिव्यांती, तरुण चौहान, नीरज सक्सेना, अतुल राणा, बेबी कौर, परमजीत कौर, सहित महाविद्यालय के समस्त प्राध्यापकगण एवं एन.एस.एस. स्वयंसेवक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का प्रभावी संचालन डॉ. मीनाक्षी एवं डॉ. निशा आर्या द्वारा किया गया।


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